शराब से मौतों पर सरकार का बड़ा एक्शन: देवास-सागर के SP हटाए, दोनों जिलों के कलेक्टर भी बदले; आदित्य मिश्रा और संजीव सिन्हा को कमान

मध्य प्रदेश में चार IPS अधिकारियों के तबादले किए गए हैं। सागर और देवास के पुलिस अधीक्षक बदल दिए गए हैं। अनुराग सुजानिया को सागर SP पद से हटाया गया है, जबकि संजीव कुमार सिंह को नया SP बनाया गया है। बालाघाट SP आदित्य मिश्रा को देवास की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

शराब से मौतों पर सरकार का बड़ा एक्शन: देवास-सागर के SP हटाए, दोनों जिलों के कलेक्टर भी बदले; आदित्य मिश्रा और संजीव सिन्हा को कमान

मध्यप्रदेश गृह विभाग ने 27 अक्टूबर को 4 IPS अधिकारियों के तबादले किए। ग्वालियर 14वीं वाहिनी विसबल के सेनानी संजीव कुमार सिन्हा को सागर का नया SP बनाया गया है।

भोपाल। मध्यप्रदेश में शराब से मौतों को लेकर उठ रहे सवालों के बीच राज्य सरकार ने देवास और सागर जिलों में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया है। सरकार ने दोनों जिलों के पुलिस अधीक्षकों को बदल दिया है। देवास के एसपी पुनीत गहलोत और सागर के एसपी अनुराग सुजानिया को पुलिस मुख्यालय भोपाल में सहायक पुलिस महानिरीक्षक (एआईजी) के पद पर पदस्थ किया गया है।

सरकार ने देवास और सागर के लिए नए एसपी की भी नियुक्ति कर दी है। बालाघाट के एसपी आदित्य मिश्रा को देवास का नया पुलिस अधीक्षक बनाया गया है, जबकि संजीव कुमार सिन्हा को सागर की जिम्मेदारी सौंपी गई है। संजीव कुमार सिन्हा इससे पहले ग्वालियर में विशेष सशस्त्र बल (विसबल) की 14वीं वाहिनी में सेनानी के पद पर पदस्थ थे। आदित्य मिश्रा के देवास स्थानांतरण के बाद बालाघाट में नए एसपी की नियुक्ति होना अभी बाकी है।

दोनों जिलों के कलेक्टर भी बदले

पुलिस अधिकारियों के साथ-साथ सरकार ने देवास और सागर के कलेक्टरों में भी बदलाव किया है। नेहा मीना को देवास का नया कलेक्टर बनाया गया है, जबकि दिलीप यादव को सागर कलेक्टर की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसके अलावा अंजू अरुण कुमार को सिवनी का कलेक्टर नियुक्त किया गया है।

शराब से जुड़ी मौतों के मामलों के बीच एक साथ पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों के तबादलों को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। हालांकि, सरकार की ओर से तबादलों को लेकर अलग-अलग प्रशासनिक कारणों का उल्लेख किया गया है, लेकिन इन जिलों में हाल के शराब कांडों के चलते यह बदलाव खास चर्चा में है।

सागर में सितंबर में सामने आया था कथित जहरीली शराब का मामला

सागर जिले में सितंबर में कथित जहरीली शराब पीने से लोगों की मौत का मामला सामने आया था। घटना के बाद पुलिस और प्रशासन की कार्रवाई को लेकर सवाल उठे थे। तत्कालीन एसपी अनुराग सुजानिया पर भी कार्रवाई को लेकर चर्चा हुई थी। अब सरकार ने उनका तबादला पुलिस मुख्यालय कर दिया है।

सागर की घटना ने अवैध और मिलावटी शराब की बिक्री को लेकर भी कई सवाल खड़े किए थे। लोगों की मौत के बाद मामले को लेकर जांच और प्रशासनिक स्तर पर कार्रवाई की मांग उठी थी। अब एसपी के तबादले के बाद जिले की पुलिस व्यवस्था की जिम्मेदारी संजीव कुमार सिन्हा को दी गई है।

देवास में कई मौतों के बाद मचा था हड़कंप

देवास जिले में चंदाना और आसपास के गांवों में सितंबर के अंत से अक्टूबर के मध्य तक कई लोगों की मौत हुई थी। मृतकों के परिजनों ने इन मौतों को शराब के सेवन से जोड़ा था। इसके बाद मामला तूल पकड़ गया और प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे।

हालांकि, प्रशासन ने जहरीली शराब से मौत होने से इनकार किया था। मौतों के वास्तविक कारणों को लेकर स्थिति स्पष्ट करने के लिए जांच शुरू की गई। सरकार ने मामले की जांच के लिए पांच सदस्यीय समिति का गठन किया है। समिति मौतों के कारणों और पूरे घटनाक्रम से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जांच कर रही है।

जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि मौतों के पीछे वास्तविक कारण क्या था और क्या इन घटनाओं का शराब के सेवन से कोई सीधा संबंध था। फिलहाल जांच जारी है।

शराब से मौतों के बीच अधिकारियों का बदलना बना चर्चा का विषय

देवास और सागर में शराब से जुड़ी घटनाओं के बीच दोनों जिलों के एसपी और कलेक्टरों का एक साथ बदला जाना राजनीतिक और प्रशासनिक दोनों स्तरों पर चर्चा का विषय बन गया है। खासतौर पर देवास में लगातार हुई मौतों और सागर के कथित जहरीली शराब मामले की पृष्ठभूमि में सरकार के इस फैसले को देखा जा रहा है।

देवास में अब आदित्य मिश्रा के सामने कानून-व्यवस्था के साथ-साथ शराब से जुड़ी शिकायतों और जांच की निगरानी की चुनौती होगी। वहीं सागर में नए एसपी संजीव कुमार सिन्हा को भी जिले में अवैध शराब और कानून-व्यवस्था से जुड़े मामलों पर प्रभावी नियंत्रण बनाए रखने की जिम्मेदारी संभालनी होगी।

जांच के बीच नए अधिकारियों के सामने बड़ी चुनौती

देवास में पांच सदस्यीय समिति द्वारा मौतों के कारणों की जांच की जा रही है। ऐसे में नए कलेक्टर और एसपी के सामने जांच प्रक्रिया को निष्पक्ष और प्रभावी तरीके से आगे बढ़ाने की चुनौती होगी। स्थानीय स्तर पर शराब की अवैध बिक्री, सप्लाई और उससे जुड़े नेटवर्क की निगरानी भी पुलिस के लिए महत्वपूर्ण होगी।

सागर में भी कथित जहरीली शराब से हुई मौतों का मामला अभी पूरी तरह चर्चा से बाहर नहीं हुआ है। ऐसे में नए एसपी के सामने जिले में कानून-व्यवस्था को मजबूत करने के साथ शराब से जुड़े मामलों पर सख्ती बरतने की चुनौती रहेगी।

सरकार के इस फेरबदल से यह संकेत जरूर मिला है कि शराब से जुड़ी घटनाओं को लेकर प्रशासनिक स्तर पर जिम्मेदारी तय करने और व्यवस्था में बदलाव की प्रक्रिया आगे बढ़ रही है। हालांकि, अधिकारियों के तबादले के बाद इन मामलों में जांच किस दिशा में जाती है और दोष या लापरवाही को लेकर क्या कार्रवाई होती है, इस पर सभी की नजर रहेगी।

बालाघाट में नए एसपी की नियुक्ति बाकी

आदित्य मिश्रा के देवास एसपी बनाए जाने के बाद बालाघाट जिले में नए पुलिस अधीक्षक की नियुक्ति होना बाकी है। सरकार जल्द ही बालाघाट में नए एसपी की जिम्मेदारी तय कर सकती है।

फिलहाल देवास में आदित्य मिश्रा और सागर में संजीव कुमार सिन्हा को नई जिम्मेदारी दी गई है। वहीं नेहा मीना और दिलीप यादव को क्रमश: देवास और सागर की कलेक्टरी सौंपी गई है। प्रशासनिक बदलाव के बाद अब इन दोनों जिलों में नई टीम के सामने शराब से जुड़े मामलों की जांच, कानून-व्यवस्था और जनता के भरोसे को मजबूत करने की बड़ी चुनौती होगी।

देवास और सागर में हुए घटनाक्रम के बाद सरकार के इस फैसले को लेकर राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में भी चर्चा तेज है। अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि नए अधिकारियों की तैनाती के बाद शराब से जुड़ी घटनाओं पर रोक लगाने और जांच को अंतिम निष्कर्ष तक पहुंचाने में कितनी तेजी आती है।