जनता की समस्याओं पर प्रशासन का फोकस: समाधान दिवस में 68 शिकायतें, अधिकारियों को समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश

उरई की नवीन तहसील में आयोजित सम्पूर्ण समाधान दिवस में जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय और पुलिस अधीक्षक विनय कुमार सिंह ने जनसुनवाई कर कुल 68 शिकायतें सुनीं। इनमें से 16 शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण किया गया, जबकि शेष मामलों के समयबद्ध, निष्पक्ष और गुणवत्तापूर्ण समाधान के निर्देश दिए गए।

जनता की समस्याओं पर प्रशासन का फोकस: समाधान दिवस में 68 शिकायतें, अधिकारियों को समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश

सम्पूर्ण समाधान दिवस: उरई तहसील में 68 शिकायतें पहुंचीं, 16 का मौके पर निस्तारण; डीएम बोले- शिकायतों के समाधान में लापरवाही नहीं होगी

उरई। मुख्यमंत्री द्वारा लोकार्पित नवीन तहसील उरई में आयोजित सम्पूर्ण समाधान दिवस में जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय और पुलिस अधीक्षक विनय कुमार सिंह ने संयुक्त रूप से आमजन की समस्याएं सुनीं। कार्यक्रम में दूर-दराज से आए फरियादियों ने राजस्व, पुलिस, विकास, स्वास्थ्य और अन्य विभागों से जुड़ी शिकायतें अधिकारियों के समक्ष रखीं। जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि प्रत्येक शिकायत का समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण और पारदर्शी निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि जनसुनवाई में प्राप्त शिकायतों के समाधान में किसी भी प्रकार की लापरवाही या शिथिलता स्वीकार नहीं की जाएगी।

सम्पूर्ण समाधान दिवस के दौरान कुल 68 शिकायतें दर्ज की गईं। इनमें से 16 शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कर संबंधित शिकायतकर्ताओं को तत्काल राहत प्रदान की गई। शेष 52 प्रकरणों के संबंध में जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे शिकायतों का स्थलीय निरीक्षण करें, निष्पक्ष जांच करें और निर्धारित समय सीमा के भीतर उनका गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करें।

जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय ने कहा कि सम्पूर्ण समाधान दिवस शासन की एक महत्वपूर्ण जनकल्याणकारी व्यवस्था है, जिसका उद्देश्य आम नागरिकों की समस्याओं का त्वरित और प्रभावी समाधान करना है। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि शिकायतों का निस्तारण केवल औपचारिकता तक सीमित न रहे, बल्कि प्रत्येक मामले की गंभीरता से जांच कर वास्तविक समाधान किया जाए। साथ ही निस्तारण के बाद संबंधित शिकायतकर्ता से फीडबैक भी लिया जाए, ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि उसे वास्तव में राहत मिली है।

उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनसुनवाई में आने वाले प्रत्येक व्यक्ति के साथ सम्मानजनक और संवेदनशील व्यवहार किया जाए। आम नागरिकों को बार-बार कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें, इसके लिए सभी विभाग आपसी समन्वय बनाकर कार्य करें। यदि किसी शिकायत के समाधान में किसी अधिकारी द्वारा अनावश्यक देरी की जाती है तो उसके विरुद्ध जवाबदेही तय की जाएगी।

पुलिस अधीक्षक विनय कुमार सिंह ने भी पुलिस विभाग से संबंधित शिकायतों की विस्तार से सुनवाई की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि भूमि विवाद, पारिवारिक मामलों, कानून-व्यवस्था तथा अन्य पुलिस संबंधी शिकायतों का निष्पक्ष और त्वरित निस्तारण किया जाए। उन्होंने कहा कि पुलिस की प्राथमिकता लोगों को समय पर न्याय दिलाना और कानून-व्यवस्था बनाए रखना है। निष्पक्ष कार्रवाई से आमजन का पुलिस और प्रशासन पर विश्वास और अधिक मजबूत होगा।

सम्पूर्ण समाधान दिवस के दौरान कई शिकायतकर्ताओं ने मौके पर ही अपनी समस्याओं के समाधान पर संतोष भी व्यक्त किया। प्रशासन ने भरोसा दिलाया कि जिन मामलों का तत्काल निस्तारण संभव नहीं था, उन्हें भी तय समय सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण तरीके से हल किया जाएगा।

कार्यक्रम में मुख्य विकास अधिकारी केके सिंह, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. एच.एन. प्रसाद, परियोजना निदेशक अखिलेश तिवारी, तहसीलदार श्रीश मिश्रा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। अधिकारियों ने अपने-अपने विभागों से संबंधित शिकायतों को गंभीरता से सुना और आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।

प्रशासन का कहना है कि सम्पूर्ण समाधान दिवस का उद्देश्य केवल शिकायतें दर्ज करना नहीं, बल्कि प्रत्येक फरियादी को प्रभावी और संतोषजनक समाधान उपलब्ध कराना है। इसी दिशा में जनसुनवाई की व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने पर जोर दिया जा रहा है।