कांवड़ियों से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली पुल से नीचे गिरी, 1 की मौत और 19 घायल; स्टीयरिंग फेल होने से हुआ दर्दनाक हादसा

धार जिले में श्रद्धालुओं से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली पुल से नीचे गिर गई। हादसे में करीब 18 से अधिक लोगों के घायल होने की सूचना है। इनमें से 6 से अधिक लोगों की हालत गंभीर बताई जा रही है। 2 गंभीर घायलों को इंदौर रेफर किया गया हैं।

कांवड़ियों से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली पुल से नीचे गिरी, 1 की मौत और 19 घायल; स्टीयरिंग फेल होने से हुआ दर्दनाक हादसा

कुक्षी-बड़वानी पुराने मार्ग पर कड़माल नाले के पुल पर सोमवार सुबह हादसा हुआ। कावड़ यात्रियों से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली अनियंत्रित होकर दुर्घटनाग्रस्त हुई।

धार। मध्य प्रदेश के धार जिले में सावन के चौथे सोमवार को नर्मदा जल लेने जा रहे कांवड़ियों के साथ दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। कुक्षी थाना क्षेत्र में कांवड़ियों से भरी एक ट्रैक्टर-ट्रॉली अचानक अनियंत्रित होकर पुल से नीचे जा गिरी। बताया जा रहा है कि हादसा ट्रैक्टर का स्टीयरिंग फेल होने के कारण हुआ। दुर्घटना में एक श्रद्धालु की मौत हो गई, जबकि 19 अन्य घायल हुए हैं। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। पुलिस और ग्रामीणों ने तत्काल राहत एवं बचाव कार्य शुरू कर घायलों को अस्पताल पहुंचाया।

नर्मदा जल लेने निकले थे करीब 30 श्रद्धालु

प्राप्त जानकारी के अनुसार, करीब 30 श्रद्धालु सावन के चौथे सोमवार के अवसर पर कांवड़ यात्रा के लिए निकले थे। श्रद्धालुओं का उद्देश्य पुराने चिखलदा क्षेत्र में पहुंचकर मां नर्मदा का जल लेना था। सभी श्रद्धालु ट्रैक्टर-ट्रॉली में सवार होकर यात्रा कर रहे थे। धार्मिक उत्साह के बीच शुरू हुई यह यात्रा अचानक उस समय हादसे में बदल गई, जब कडमाल गांव के पास ट्रैक्टर-ट्रॉली पुल पर पहुंची।

प्रत्यक्ष जानकारी के मुताबिक, पुल पर पहुंचते ही ट्रैक्टर का स्टीयरिंग अचानक फेल हो गया। चालक ने वाहन को नियंत्रित करने की कोशिश की, लेकिन ट्रैक्टर-ट्रॉली बेकाबू हो गई। देखते ही देखते वाहन पुल से नीचे जा गिरा। ट्रॉली में बड़ी संख्या में श्रद्धालु सवार होने के कारण हादसा बेहद गंभीर हो गया।

पुल से नीचे गिरते ही मची चीख-पुकार

ट्रैक्टर-ट्रॉली के पुल से नीचे गिरते ही घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई। हादसे की आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे। ट्रॉली में फंसे श्रद्धालु मदद के लिए चीख-पुकार कर रहे थे। ग्रामीणों ने बिना देर किए बचाव कार्य शुरू किया और पुलिस को घटना की सूचना दी।

सूचना मिलते ही कुक्षी थाना पुलिस की टीम भी मौके पर पहुंच गई। पुलिसकर्मियों और स्थानीय लोगों ने मिलकर दुर्घटनाग्रस्त ट्रैक्टर-ट्रॉली में फंसे घायलों को बाहर निकालना शुरू किया। हादसे की गंभीरता को देखते हुए आसपास के लोगों की भी बड़ी संख्या में मौके पर भीड़ जुट गई। बचाव कार्य के दौरान घायलों को एक-एक कर सुरक्षित बाहर निकाला गया।

20 श्रद्धालु घायल, अस्पताल में कराया गया भर्ती

हादसे के बाद करीब 20 श्रद्धालुओं को उपचार के लिए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया। वहां चिकित्सकों ने घायलों की प्राथमिक जांच और उपचार किया। गंभीर रूप से घायल श्रद्धालुओं की हालत को देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए बड़वानी जिला अस्पताल रेफर किया गया।

हादसे में एक श्रद्धालु की मौत होने की जानकारी सामने आई है। वहीं 19 अन्य श्रद्धालुओं के घायल होने की बात कही जा रही है। कुछ घायलों को चोटें अधिक गंभीर बताई जा रही हैं। अस्पताल में चिकित्सकों की निगरानी में घायलों का उपचार किया जा रहा है।

सावन के सोमवार पर निकली थी कांवड़ यात्रा

सावन के चौथे सोमवार के चलते बड़ी संख्या में श्रद्धालु नर्मदा नदी से जल लेने के लिए विभिन्न क्षेत्रों से कांवड़ यात्राओं पर निकले थे। इसी क्रम में यह श्रद्धालु भी ट्रैक्टर-ट्रॉली से पुराने चिखलदा की ओर जा रहे थे। धार्मिक यात्रा के दौरान हुए इस हादसे ने श्रद्धालुओं और उनके परिजनों को झकझोर दिया।

हादसे की सूचना जैसे-जैसे आसपास के क्षेत्रों में पहुंची, वैसे-वैसे घायलों और मृतक के परिजनों में चिंता बढ़ गई। अस्पताल में भी परिजनों और परिचितों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया।

पुलिस ने शुरू की हादसे की जांच

कुक्षी पुलिस ने घटना को गंभीरता से लेते हुए मामले की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक तौर पर ट्रैक्टर का स्टीयरिंग फेल होना हादसे की वजह बताया जा रहा है। हालांकि पुलिस द्वारा दुर्घटना के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।

पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि ट्रैक्टर-ट्रॉली की तकनीकी स्थिति कैसी थी और हादसे के समय वाहन की गति कितनी थी। इसके अलावा ट्रॉली में कितने लोग सवार थे और वाहन को चलाने में सुरक्षा मानकों का पालन किया गया था या नहीं, इसकी भी जांच की जा सकती है।

हादसे के बाद सुरक्षा पर फिर उठे सवाल

धार में कांवड़ियों से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली के दुर्घटनाग्रस्त होने की घटना ने धार्मिक यात्राओं के दौरान यातायात सुरक्षा को लेकर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। ग्रामीण इलाकों में अक्सर बड़ी संख्या में श्रद्धालु ट्रैक्टर-ट्रॉली से यात्रा करते हैं। ऐसे में वाहन की तकनीकी जांच, क्षमता से अधिक सवारी और चालक की सावधानी जैसे मुद्दे महत्वपूर्ण हो जाते हैं।

विशेषज्ञों के अनुसार, धार्मिक यात्राओं के दौरान श्रद्धालुओं को सुरक्षित परिवहन उपलब्ध कराना जरूरी है। ट्रैक्टर-ट्रॉली में बड़ी संख्या में लोगों के बैठने से दुर्घटना की स्थिति में नुकसान अधिक हो सकता है। ऐसे में यात्रा से पहले वाहन की फिटनेस और तकनीकी स्थिति की जांच महत्वपूर्ण मानी जाती है।

फिलहाल कुक्षी पुलिस हादसे की जांच में जुटी है। घायलों का उपचार जारी है और पुलिस द्वारा दुर्घटना से जुड़े तथ्यों को जुटाया जा रहा है। हादसे में एक श्रद्धालु की मौत से कांवड़ यात्रा का उत्साह मातम में बदल गया है। परिजनों और श्रद्धालुओं के बीच घटना को लेकर गहरा दुख और चिंता है।