चंबल में दहशत का पर्याय 80 हजार का इनामी डकैत कल्ली गुर्जर गिरफ्तार, पुलिस से मुठभेड़ में पैर में लगी गोली; साथी अजय भी दबोचा गया
चंबल इलाके में लंबे समय से फरार चल रहे 80 हजार रुपये के इनामी डकैत कल्ली गुर्जर को मुरैना पुलिस ने गुरुवार को गिरफ्तार कर लिया, बानमौर थाना क्षेत्र के पहाड़ी इलाके में पुलिस और कल्ली के बीच मुठभेड़ हुई जिसमें उसके पैर में गोली लगी। इसके बाद पुलिस उसे मेडिकल जांच के लिए अस्पताल लेकर पहुंची।
मध्य प्रदेश के मुरैना जिले में पुलिस ने चंबल के कुख्यात डकैत कल्ली गुर्जर को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया. उस पर 80 हजार रुपये का इनाम घोषित था. एनकाउंटर के दौरान कल्ली के पैर में गोली लगी. पुलिस ने उसके साथी अजय गुर्जर को भी गिरफ्तार किया है, जबकि गिरोह के अन्य सदस्य मौके से फरार
मुरैना। चंबल के बीहड़ों में लंबे समय से आतंक का पर्याय बने 80 हजार रुपये के इनामी डकैत कल्ली गुर्जर को आखिरकार पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। चार जिलों में लूट, डकैती, अपहरण और हत्या जैसी गंभीर वारदातों को अंजाम देकर दहशत फैलाने वाले कल्ली गुर्जर को पुलिस ने ललितपुरा के पहाड़ी जंगल में हुई मुठभेड़ के बाद दबोच लिया। इस दौरान पुलिस और बदमाशों के बीच करीब 26 राउंड फायरिंग हुई। जवाबी कार्रवाई में कल्ली गुर्जर के पैर में गोली लग गई। पुलिस ने उसके साथी अजय गुर्जर को भी गिरफ्तार किया है। दोनों के कब्जे से दो रायफल, एक पिस्टल और 50 से अधिक जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं।
मुखबिर की सूचना पर जंगल में पहुंची पुलिस टीम
मुरैना पुलिस अधीक्षक धर्मराज मीना के अनुसार, बानमौर थाना प्रभारी दीपेंद्र यादव को मुखबिर से सूचना मिली थी कि 80 हजार रुपये का इनामी डकैत कल्ली गुर्जर अपने करीब आधा दर्जन साथियों के साथ पहाड़ी गांव के पीछे ललितपुरा के जंगल में छिपा हुआ है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस की अलग-अलग टीमों को तत्काल जंगल की ओर रवाना किया गया। पुलिस ने इलाके की घेराबंदी कर बदमाशों को पकड़ने की रणनीति बनाई।
पुलिस टीम जैसे ही जंगल में बदमाशों के ठिकाने के करीब पहुंची, गैंग के सदस्यों ने अचानक ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। बदमाशों की ओर से करीब 20 राउंड गोलियां चलाई गईं। इसके जवाब में पुलिस ने भी आधा दर्जन से अधिक फायर किए। दोनों ओर से हुई गोलीबारी से जंगल में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। इस मुठभेड़ में कुल करीब 26 राउंड गोलियां चलीं।
जवाबी फायरिंग में कल्ली गुर्जर के पैर में लगी गोली
मुठभेड़ के दौरान पुलिस की जवाबी कार्रवाई में कल्ली गुर्जर के पैर में गोली लग गई। गोली लगते ही वह जमीन पर गिर पड़ा। अपने सरगना को घायल देखकर गैंग के अन्य सदस्य जंगल और पहाड़ियों की आड़ लेकर मौके से भाग निकले। पुलिस ने घेराबंदी जारी रखते हुए घायल कल्ली गुर्जर को दबोच लिया। मौके से उसके साथी अजय गुर्जर को भी गिरफ्तार कर लिया गया। अजय गुर्जर लहर गांव का निवासी बताया गया है।
पुलिस ने दोनों आरोपियों के कब्जे से दो रायफल, एक पिस्टल और 50 से अधिक जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। घायल कल्ली गुर्जर और उसके साथी अजय को तत्काल मुरैना जिला अस्पताल पहुंचाया गया। यहां प्राथमिक उपचार के बाद सुरक्षा के मद्देनजर दोनों को कैदी वार्ड में भर्ती कराया गया है। वहीं, मुठभेड़ के दौरान फरार हुए अन्य बदमाशों की तलाश में पुलिस ने जंगल में सर्चिंग अभियान तेज कर दिया है।
चार जिलों में दर्ज हैं 20 गंभीर आपराधिक मामले
कल्ली गुर्जर लंबे समय से पुलिस के लिए बड़ी चुनौती बना हुआ था। उस पर 80 हजार रुपये का इनाम घोषित था। उसके खिलाफ मुरैना, ग्वालियर, शिवपुरी और श्योपुर सहित विभिन्न जिलों में लूट, डकैती, अपहरण, हत्या और चोरी जैसे गंभीर अपराधों के कुल 20 मामले दर्ज हैं। लगातार आपराधिक वारदातों को अंजाम देने के कारण उसका नाम चंबल क्षेत्र के कुख्यात बदमाशों में शामिल हो गया था।
पुलिस के मुताबिक, कल्ली गुर्जर और उसके गिरोह की गतिविधियों पर लंबे समय से नजर रखी जा रही थी। मुखबिर से मिली सटीक सूचना के बाद पुलिस को उसे पकड़ने में सफलता मिली। अब पुलिस फरार साथियों की तलाश के साथ गिरोह से जुड़े अन्य आपराधिक मामलों की जानकारी जुटाने में लगी है।
गुड्डा गुर्जर गैंग से शुरू हुआ था अपराध का सफर
कल्ली गुर्जर के डकैत बनने की कहानी भी चंबल के बीहड़ों से जुड़ी है। शुरुआती दौर में वह कुख्यात डकैत गुड्डा गुर्जर के गिरोह में शामिल हुआ था। इसी दौरान उसने लूट, डकैती और अपहरण जैसी वारदातों में भाग लेना शुरू किया। वर्ष 2022 में भंवरपुरा के जंगलों में पुलिस और गुड्डा गुर्जर गैंग के बीच मुठभेड़ हुई थी। इस कार्रवाई में पुलिस ने गुड्डा गुर्जर को गिरफ्तार कर लिया था, लेकिन कल्ली गुर्जर फायरिंग करते हुए मौके से भागने में सफल रहा।
गुड्डा की गिरफ्तारी के बाद कल्ली ने अपना अलग गिरोह खड़ा कर लिया। उसने मुरैना, ग्वालियर और शिवपुरी के जंगलों को अपना ठिकाना बनाया और धीरे-धीरे आसपास के इलाकों में अपनी आपराधिक गतिविधियां बढ़ा दीं। इसके बाद उसके नाम से क्षेत्र में दहशत फैलने लगी।
एकतरफा प्यार में परिवार को दी थी गोली मारने की धमकी
कल्ली गुर्जर इसी साल मुरैना में एक नाबालिग लड़की से एकतरफा प्यार के मामले को लेकर भी सुर्खियों में आया था। आरोप है कि उसने लड़की के परिवार को बंदूक के दम पर धमकाया था। इस दौरान उसके द्वारा कही गई धमकी 'डोली नहीं उठी तो गोली चलेगी' ने इलाके में सनसनी फैला दी थी। इस घटना के बाद उसका नाम एक बार फिर प्रदेशभर में चर्चा में आ गया।
हाईवे पर कंटेनर रोककर मांगा था टेरर टैक्स
मार्च 2025 में कल्ली गुर्जर और उसके गिरोह की एक अन्य वारदात ने भी दहशत बढ़ा दी थी। आगरा-मुंबई नेशनल हाईवे पर दिल्ली से भोपाल जा रहे एक कंटेनर ट्रक को रोककर कथित तौर पर टेरर टैक्स की मांग की गई थी। रकम नहीं मिलने पर बदमाशों ने ट्रक पर गोलियां चलाईं और उसके 12 टायर फोड़ दिए थे। इस घटना ने हाईवे पर वाहन चालकों और परिवहन कारोबारियों में भय का माहौल पैदा कर दिया था।
जेल में बंद भाई की बैरक बदलने पर दी थी धमकी
कल्ली गुर्जर पर 22 सितंबर 2026 को मुरैना जेल में बंद अपने छोटे भाई जोगेंद्र की बैरक बदले जाने से नाराज होकर जेल प्रशासन को धमकी देने का भी आरोप लगा था। बताया गया कि उसने जेल उप अधीक्षक सुनील कुमार शर्मा को फोन कर जान से मारने की धमकी दी थी। इस मामले ने जेल प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल खड़े किए थे।
फरार बदमाशों की तलाश में जंगल में सर्चिंग
ललितपुरा के जंगल में हुई मुठभेड़ के बाद पुलिस को लंबे समय से फरार चल रहे 80 हजार के इनामी कल्ली गुर्जर को पकड़ने में बड़ी सफलता मिली है। उसके साथ अजय गुर्जर की गिरफ्तारी और हथियारों की बरामदगी को भी महत्वपूर्ण कार्रवाई माना जा रहा है। हालांकि, मुठभेड़ के दौरान उसके अन्य साथी भागने में सफल रहे। पुलिस ने उनकी तलाश में जंगल और आसपास के इलाकों में सर्चिंग अभियान तेज कर दिया है। अब फरार बदमाशों की गिरफ्तारी और गिरोह की बाकी आपराधिक गतिविधियों का खुलासा करना पुलिस के सामने अगली चुनौती है।
प्रखर न्यूज़ व्यूज एक्सप्रेस